MOKAJI TV NEWS | जयपुर से
वर्धमान स्कूल में करोड़ों रुपये कैश बरामद, आयकर विभाग ने 6 ठिकानों पर छापेमारी तेज की
जयपुर।
राजधानी जयपुर में गुरुवार को इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने रियल एस्टेट और एजुकेशन सेक्टर में सक्रिय वर्धमान ग्रुप के कई ठिकानों पर बड़ी कार्रवाई की। सुबह-सुबह शुरू हुई छापेमारी मानसरोवर स्थित वर्धमान इंटरनेशनल स्कूल के मुख्य कार्यालय से शुरू हुई, जहाँ विभाग को करोड़ों रुपये कैश बरामद हुआ।
बरामद कैश की मात्रा इतनी बड़ी थी कि मौके पर ही नोट-काउंटिंग मशीनें मंगवाई गईं और कई टीमों को गिनती में लगाया गया।
क्या-क्या मिला छापों में?
आयकर विभाग के सूत्रों के अनुसार प्रारंभिक जांच में कई गंभीर अनियमितताएँ सामने आई हैं:
1. भारी मात्रा में कैश बरामद
- स्कूल कार्यालय की अलमारियों, लॉकर और डॉक्यूमेंट कैबिनेट से करोड़ों रुपये मिले
- सभी कैश को काउंटिंग मशीनों से गिनने की कार्रवाई जारी
2. कैश लेन-देन से टैक्स चोरी का शक
- ग्रुप द्वारा नियमित रूप से कैश के जरिए लेनदेन करने के संकेत
- टैक्स चोरी और हेराफेरी की जांच तेज
3. जमीन और फ्लैट डीलिंग के संदिग्ध दस्तावेज
- रियल एस्टेट सेक्टर में अनियमितताओं से जुड़े दस्तावेज
- जमीन की खरीद-फरोख्त में गलत मूल्यांकन, कैश पेमेंट और नकद सौदों से जुड़े रिकॉर्ड मिले
4. बैंक अकाउंट और डिजिटल डेटा सीज
- ग्रुप के निदेशकों के कई बैंक खातों की जांच
- मोबाइल फोन, लैपटॉप और हार्डडिस्क जब्त
- प्रॉपर्टी डीलिंग की डिजिटल ट्रेल खंगाली जा रही
कार्रवाई कैसे शुरू हुई?
बुधवार को इनकम टैक्स विभाग ने पहले “सर्वे” किया था।
लेकिन सर्वे के दौरान ही कैश और दस्तावेजों में गड़बड़ी मिलने पर कार्रवाई को “सर्च ऑपरेशन” में बदल दिया गया।
इसके तहत Jaipur में ग्रुप से जुड़े लगभग 6 से अधिक ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई:
- स्कूल का मुख्य कार्यालय
- रियल एस्टेट प्रोजेक्ट साइट
- ग्रुप डायरेक्टरों के घर
- बिजनेस ऑफिस
- डॉक्यूमेंट स्टोरेज लोकेशन
- अकाउंट्स/फाइनेंस विभाग
आगे क्या होगा?
इन्कम टैक्स टीम ने बरामद दस्तावेजों और डिजिटल डेटा को कब्जे में लेकर:
- कैश का सोर्स
- टैक्स चोरी का पैटर्न
- रियल एस्टेट डीलिंग की वित्तीय संरचना
- बेनामी संपत्तियों की भूमिका
इन सभी की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
अधिकारियों का कहना है कि अगर आरोप पुख्ता हुए तो ग्रुप पर बड़ी वित्तीय पेनल्टी और कानूनी कार्रवाई संभव है।
ग्रुप की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं
अब तक वर्धमान ग्रुप की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं हुआ है।
स्कूल प्रशासन ने भी इस मामले में मीडिया से दूरी बनाए रखी है।
MOKAJI TV का विश्लेषण
यह कार्रवाई राजस्थान में पिछले कुछ महीनों में चल रही वित्तीय पारदर्शिता अभियान का हिस्सा है।
शिक्षा संस्थानों द्वारा:
- कैश फीस
- बिना रसीद भुगतान
- प्रॉपर्टी खरीद में अघोषित धन
जैसे मामलों में आयकर विभाग पहले भी कई बार कार्रवाई कर चुका है।
वर्धमान ग्रुप पर छापेमारी से संकेत मिलता है कि विभाग अब सीखने-सिखाने वाले संस्थानों में वित्तीय नियमों के उल्लंघन को लेकर अधिक सख्त है।
Author: MOTI SINGH RATHORE
EDITOR IN CHIEF "MOKAJI TV"









